आशापुरा माताजी ने चुनी वागड़ की धरा, ऐसे पहुंची यहां प्रतिमा

wagad darshan aashpura mataji

महिपालसिंह, डूंगरपुर। वागड़ के प्रसिद्ध शक्ति पीठ निठाउवा गामडी स्थित आशापुरा माताजी मंदिर से भक्तों की अनूठी आस्था है। इस प्रतिमा के दर्शन के लिए देशभर से श्रद्धालु आते हैं। आज हम आपको वागड़ दर्शन के जरिये आप सभी को आशापुरा माताजी मंदिर के बारे में कुछ रोचक बातें बताने जा रहे है, जो इससे पहले आपको शायद ही पता होगी। यह प्रतिमा देशभर में इस लिए विख्यात हैं क्योंकि यह तारागढ़, दिल्ली, मारवाड़, मंदसौर, सांडलपोर होते हुए वागड़ पहुंची। प्रतिमा स्थापना के लिए वागड़ की धरती चुनी गई। चौहान वंश…

Read More

भले ही अकाल पड़ जाए, फिर भी बहता रहेगा यहां पानी…

राजेश पटेल, डूंगरपुर। जिले में एक मंदिर ऐसा भी हैं जिसके लिए ​कहा जाता है कि ज्यों ज्यो यात्री बढ़ते जाए। त्यों त्यों पानी बढ़ता जाए। यहां पिछले 500 वर्षो से पानी पहाड़ों से लगातार बहता हुआ आ रहा है। चाहे अकाल पड़ जाए, पानी की कमी आ जाए, लेकिन यहां पानी हमेशा बहता हुआ मिलेगा। बुजुर्ग कहते हैं कि यात्रियों की बढ़ती संख्या के साथ पानी का स्तर बढ़ता हुआ महसूस किया गया है। यह किसी चमत्कार से कम नहीं है। यह मंदिर अरावली की सुरम्य पहाड़ियों के मध्य…

Read More